मध्य प्रदेश के बाद राजस्थान की बारी,हलचल तेज़

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जयपुर। मध्य प्रदेश में राजनीतिक घटनाक्रम के बीच राजस्थान से राज्यसभा के 2 संभावित प्रत्याशियों को लेकर भी कांग्रेस में रार सामने आ रही है। पार्टी को राज्य में कम से कम 2 सीटों के लिए प्रत्याशी तय करने हैं और अंदरूनी सूत्रों के अनुसार एक संभावित नाम का कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट खुलकर विरोध कर रहे हैं।राजस्थान से राज्यसभा की तीन सीटों के लिए 26 मार्च को चुनाव होना है। मौजूदा विधायक संख्या के आधार पर कांग्रेस के खाते में दो सीटें जानी तय हैं और पार्टी को अपने प्रत्याशियों के नाम अगले दो दिन में तय करने होंगे क्योंकि नामांकन 13 मार्च तक होंगे। इसके लिए सियासी जोड़-तोड़ शुरू हो गया है।राजनीतिक गलियारों में तारिक अनवर से लेकर राजीव अरोड़ा और भंवर जितेंद्र सिंह से लेकर गौरव वल्लभ तक अनेक नाम चर्चा में हैं जिनमें से दो पर आने वाले एक दो दिन में मुहर लगनी है।

यहां कुछ मीडिया रपटों व पार्टी जानकारों के अनुसार पार्टी तारिक अनवर को राजस्थान से राज्यसभा में भेज सकती है। तारिक अनवर पांच बार लोकसभा व दो बार राज्यसभा सदस्य रह चुके हैं। दूसरा बड़ा नाम राजीव अरोड़ा का सामने आया है। हालांकि बताया जाता है कि पायलट खेमा उनके नाम को लेकर बिलकुल सहज नहीं है। पार्टी सूत्रों के अनुसार पायलट ने दिल्ली में वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात कर उन्हें अपनी नाराज़गी से अवगत कराया है।गहलोत के करीबी समझे जाने वाले अरोड़ा लंबे समय से कांग्रेस से जुड़े हैं। वे प्रदेश में पार्टी के उपाध्यक्ष हैं और पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष रह चुके हैं। पार्टी के स्थानीय नेता संभावित प्रत्याशियों को लेकर खुलकर कुछ भी कहने को तैयार नहीं है। मुख्यमंत्री गहलोत ने ये नाम तय करने के लिए सप्ताहांत नयी दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की थी।

यहां कुछ मीडिया रिपोर्ट व पार्टी जानकारों के अनुसार पार्टी तारिक अनवर को राजस्थान से राज्यसभा में भेज सकती है. तारिक अनवर 5 बार लोकसभा व दो बार राज्यसभा सदस्य रह चुके हैं. दूसरा बड़ा नाम राजीव अरोड़ा का सामने आया है. हालांकि बताया जाता है कि पायलट खेमा उनके नाम को लेकर बिलकुल सहज नहीं है. पार्टी सूत्रों के अनुसार पायलट ने दिल्ली में वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात कर उन्हें अपनी नाराज़गी से अवगत कराया है. गहलोत के करीबी समझे जाने वाले अरोड़ा लंबे समय से कांग्रेस से जुड़े हैं. वे प्रदेश में पार्टी के उपाध्यक्ष हैं और पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष रह चुके हैं. पार्टी के स्थानीय नेता संभावित प्रत्याशियों को लेकर खुलकर कुछ भी कहने को तैयार नहीं है. मुख्यमंत्री गहलोत ने ये नाम तय करने के लिए सप्ताहांत नयी दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की थी.

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