प्रशांत भूषण ने माफी मांगने से किया इंकार,SC से सजा मिलनी तय

0
19

नई दिल्ली :सुप्रीम कोर्ट में प्रशांत भूषण ने अपना जवाब दाखिल करते हुए कहा है कि वह अपने टि्वट के लिए माफी नहीं मांगेगे। प्रशांत भूषण ने टि्वट किया था और उसे सुप्रीम कोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी मानते हुए अवमानना का दोषी करार दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने प्रशांत भूषण को अपने बयान पर दोबारा विचार करते हुए माफी मांगने को कहा था। मामले में 25 अगस्त को सुनवाई होगी। सुप्रीम कोर्ट को भूषण ने कहा कि अगर मैं अपने बयान से हटता हूं और एक निष्ठाहीन माफीनामा पेश करता हूं तो वह मेरी खुद की चेतना के साथ अवमानना होगा।प्रशांत भूषण ने कहा ‘ मेरा बयान सद्भावनापूर्थ था। अगर मैं इस कोर्ट के समक्ष अपने बयान वापस लेता हूं, तो मेरा मानना है कि अगर मैं एक ईमानदार माफी की पेशकश करता हूं, तो मेरी नजर में मेरी अंतरात्मा और उस संस्थान की अवमानना होगी, जिसमें मैं सर्वोच्च विश्वास रखता हूं।’

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को सामाजिक कार्यकर्ता और वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण से कहा था कि वह न्यायालय की अवमानना वाले ट्वीट को लेकर माफी नहीं मांगने वाले अपने बयान पर पुनर्विचार करें और इसके लिए उन्हें दो से तीन दिन का समय दिया गया है। कोर्ट ने 24 अगस्त तक की मोहलत दी थी।
27 जून को किए एक ट्वीट में प्रशांत भूषण ने 4 पूर्व चीफ जस्टिस को लोकतंत्र के हत्या में हिस्सेदार बताया था. 29 जून को उन्होंने बाइक पर बैठे वर्तमान चीफ जस्टिस एस ए बोबड़े की तस्वीर पर ट्वीट किया था कि उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के दरवाजे आम लोगों के लिए बंद कर दिए हैं. खुद बीजेपी नेता की 50 लाख की बाइक की सवारी कर रहे हैं. कंटेम्प्ट ऑफ कोर्ट एक्ट 1971 की धारा 2(c)(i) के तहत लोगों की नज़र में न्यायपालिका के सम्मान को गिराने वाला बयान अवमानना के दायरे में आता है. ऐसे में कोर्ट ने मामले पर संज्ञान लेते हुए भूषण को नोटिस जारी किया.

मामले में सफाई पेश करते हुए भूषण ने माना कि मौजूदा चीफ जस्टिस के बारे में उनका ट्वीट तथ्यों की पूरी तरह से पुष्टि किए बिना किया गया था. लेकिन साथ ही यह भी कहा कि उनकी भावना सही थी. वह आम लोगों को न्याय दिलाने को लेकर चिंतित हैं. 4 पूर्व चीफ जस्टिस पर किए गए ट्वीट के बारे में उन्होंने सफाई दी थी कि पिछले कुछ सालों में सुप्रीम कोर्ट कई मौकों पर वैसी जिम्मेदारी निभाने में विफल रहा है, जिसकी उम्मीद की जाती है. कोर्ट ने प्रशांत भूषण की इस सफाई को नामंजूर करते हुए 14 अगस्त को अवमानना का दोषी करार दिया.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here